अमिताभ बच्चन ने शत्रुघ्न सिन्हा की तब तक की थी पिटाई जब तक बचाने नहीं आये शशि कपूर

बॉलीवुड में दिग्गज अभिनेताओं के बीच टकराव के किस्से कई है। इनमें से एक किस्सा अमिताभ और शत्रुघ्न सिन्हा के बीच भी हुआ है। सुपरहिट फिल्मों में साथ काम करने ये दो महान कलाकार कुछ इस तरह से टकराएंगे ये शायद ही किसी ने सोचा नहीं होगा। इनके इस झगड़े के कारण इन दोनों कलाकारों को किसी फिल्म में एक साथ देखना नहीं हुआ। तो चलिए आज हम आपको अमिताभ और शत्रुघन के बीच हुई उस लड़ाई के बारे में बताते है जिसमें अमिताभ ने शत्रुघ्न की पिटाई कर उन्हें खामोश कर दिया था।

Third party image reference
साल १९७९ में यश चोपड़ा के निर्देशन में एक फिल्म बनी थी जिसका नाम 'काला पत्थर' था और ये फिल्म उस समय ऑफ स्क्रीन और ऑन स्क्रीन दोनों ही जगहों में चर्चा में रही थी। इस फिल्म की कहानी कोयले की खदान में काम करने वाले मजदूरों पर थी, जो धनबाद से २० किलोमीटर दूर 'चासनाला' में एक कोयला खदान में हुए हादसे का शिकार हुए थे।

Third party image reference
२७ दिसंबर १९७५ के दिन हुए इस हादसे में ३७० से भी ज्यादा मजदूरों की जान चली गयी थी। ये हादसा खदान के अंदर बाढ़ का पानी भर जाने के कारण हुआ था। कहा जाता है कि खदान के ठीक ऊपर बने तालाब से करीब ५ करोड़ गैलन पानी खदान की छत तोड़ता हुआ अंदर आ गया था, जिसमें काम करने वाले लोग अंदर ही फंस गए। आनन-फानन में हुए बचाव कार्य में कुछ ही लोगों को बचाया गया, मगर अंदर फंसे रह जाने के कारण कई मजदूरों को अपनी जान गंवानी पड़ी।

Third party image reference
एक समय में फिल्म इंडस्ट्री में बहुत अच्छे दोस्तों के तौर पर पहचाने जाने वाले शत्रुघ्न सिन्हा और अमिताभ बच्चन के बीच इसी फिल्म की शूटिंग के दौरान खटास पड़ गयी थी। उस दौर में शत्रुघ्न सिन्हा नेगेटिव किरदार करके भी हीरो से ज्यादा तारीफें पाते थे।

Third party image reference
कहा जाता है कि अमिताभ इनके फिल्म में होने से असुरक्षित महसूस किया करते थे, जिसके कारण उन्होंने कई फिल्मों में शत्रुघ्न सिन्हा के रोल को कटवा कर छोटा भी कर दिए थे। एक दफा तो अमिताभ ने शत्रुघ्न सिन्हा की जमकर पिटाई भी कर दी, जिसका खुलासा खुद शत्रुघ्न सिन्हा ने अपनी बायोग्राफी 'एनीथिंग बट खामोश' में किया है।

Third party image reference
इस किताब के मुताबिक काला पत्थर फिल्म के एक फाइट सीन में अमिताभ को शत्रु को पीटना था। शूटिंग शुरू हुई और फाइट सीन भी शुरू हो गया, मगर डायरेक्टर के कट बोले जाने के बावजूद अमिताभ बच्चन शत्रुघ्न सिन्हा को पीटते रहे और शत्रुघ्न को कुछ समझ नहीं आ रहा था। ये पीटने का सिलसिला तब तक जारी रहा जब तक शशि कपूर ने बीच में आकर दोनों को अलग-अलग नहीं किया।

Third party image reference
शत्रु ने अपनी बायोग्राफी में ये भी बताया है कि फिल्म 'काला पत्थर' की शूटिंग के दौरान सेट पर ना तो कभी उन्हें अमिताभ के बगल वाली कुर्सी ऑफर की गयी और ना ही अमिताभ का छाता उनसे शेयर किया गया। महज इतना ही नहीं, ये दोनों अभिनेता एक ही होटल में ठहरा करते थे, मगर शूटिंग पर जाते या आते समय अमिताभ अकेले ही अपनी कार लेकर रवाना हो जाते थे। वे कभी शत्रु को अपने साथ चलने को नहीं कहते थे।

Third party image reference
शत्रुघ्न सिन्हा के मुताबिक अमिताभ ऐसा इसीलिए किया करते थे क्यूंकि उस समय उनकी एक्टिंग की खूब तारीफें हुआ करती थी और इसी वजह से अमिताभ नहीं चाहते थे कि वे उनके साथ किसी फिल्म में काम करें।

Third party image reference
बता दें कि शत्रुघ्न सिन्हा ने अपनी बायोग्राफी में ये भी बताया है कि उनकी पत्नी पूनम के करवाचौथ का व्रत रखने को लेकर अमिताभ की मां तेजी बच्चन ने उनकी तारीफ की थी। लेकिन अमिताभ ने इसका मजाक उड़ाया और कहा कि 'बेचारी, इतने व्रत करने के बाद भी देखो आखिर उन्हें क्या मिला।' शत्रु ने इस बात का जिक्र भी किया है कि अमिताभ बच्चन की वजह से उन्हें कई फ़िल्में छोड़नी पड़ी थी और कई दफा उन्होंने साइनिंग अमाउंट भी वापस किया है।

Third party image reference
दोस्तों, क्या आपके मुताबिक़ आसमान की ऊचाइयों को छूने के लिए किसी के सिर पर पैर रखना ठीक है?
यह भी पढ़ें: भाई के मरते ही भाभी के साथ सोने लगा देवर और हर दिन बनाने लगा संबंध...

No comments